सत्यमेव जयते

उत्तर प्रदेशसाहित्य

हिंदी दिवस पर 6 घंटे चला मैराथन काव्य पाठः साहित्य अर्पण मंच का भव्य आयोजन

Share on:

विनोद वार्ता संवाद-सूत्र
रामपुर।
14 सितंबर 2024 को साहित्य अर्पण अंतरराष्ट्रीय मंच द्वारा हिंदी दिवस के उपलक्ष्य में विशेष ऑनलाइन कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस मंच की संस्थापक और सीईओ, नेहा शर्मा, जो दुबई से हिंदी साहित्य के वैश्विक प्रचार-प्रसार में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं, ने इस आयोजन की अगुवाई की। कार्यक्रम में वरिष्ठ साहित्यकार श्री सुधीर अधीर मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए और पूरे समय उपस्थित रहकर सभी रचनाकारों का उत्साहवर्धन किया। इस कार्यक्रम की विशेषता यह रही कि इसमें ‘नवीन अवचेतन साहित्य सुमन’ नामक हिंदी दिवस विशेष साझा संग्रह के मुखपृष्ठ का डिजिटल अनावरण भी किया गया। इस कार्यक्रम में अशोशीला प्रकाशन के प्रतिनिधि शोभित गुप्ता सहित देश के नौ राज्यों के 50 से ऊपर रचनाकार शामिल हुए। कार्यक्रम 6 घंटे तक लगातार चलता रहा, जिसमें कई साहित्यिक हस्तियों ने अपने काव्य पाठ से सभी को मंत्रमुग्ध किया। संचालन की जिम्मेदारी शिप्रा ज्ञानेंद्र इरम, नयना कक्कड़ गुप्ता, विनीता लवानियाँ, हेमा आर्या श्शिल्पीश्, स्मिता, सपना व्यास और ऋषिकेश खोडके ने बखूबी निभाई। पूर्वी उत्तर प्रदेश से कलीम जाफरी, शिवा प्रभारन, कंचन पाण्डे, अवधेश कुमार श्रीवास्तव, मोहम्मद महताब नार्वी और मुख्य अतिथि सुधीर अधीर की सहभागिता ने कार्यक्रम को और भी ऊँचाइयाँ दीं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश से प्रिया तायल, सुमन मलिक, शबनम यादव, वर्षा अग्रवाल और शोभित गुप्ता की प्रस्तुतियों ने श्रोताओं का मन मोह लिया। इसी तरह, कर्नाटक से भगवती सक्सेना गौड़, प्रबल प्रताप सिंह राणा प्रबल, अनुराधा के, त्रिशला मिश्रा और संदीप उपाध्याय सरल की प्रस्तुतियों ने दर्शकों को लुभाया। राजस्थान से मुकेश हर्ष भारत, सारिका बिस्सा, मुकेश कुमावत, रीता पालीवाल एवं विशाखा तिवारी, दुर्गेश पांडेय और उत्तराखंड से संगीता वर्मानी, अंशु जैन, शोभा पाराशर, सौ सिंह सैनी एवं सीमा शर्मा एवं अन्य प्रतिभागियों ने भी अपनी रचनाओं से सभी को प्रभावित किया। झारखंड शाखा से डॉ अनंग मोहन मुखर्जी, सत्या सिन्हा ने कार्यक्रम में चार चाँद लगाए. हरियाणा शाखा से अजय कुमार नवोदय, पूनम पुष्करणा शर्मा, भारती कौशिक एवं हेमंत अग्रवाल जुड़े। महाराष्ट्र शाखा से लक्ष्मी यादव, अभिलाष अरुण, वैदेही संचेती, ज्योति नायक, नयन भादुले, पल्लवी रानी ने आयोजन में अपनी रचना पाठ किया।कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य हिंदी भाषा और साहित्य को प्रोत्साहन देना था। इस आयोजन में न केवल साहित्यिक रचनाएँ प्रस्तुत की गईं, बल्कि समाज में महिलाओं की स्थिति और हिंदी भाषा के महत्व पर भी गंभीर चर्चा की गई। वक्ताओं ने इस बात पर बल दिया कि हिंदी केवल एक दिन की भाषा नहीं होनी चाहिए, बल्कि इसे हमारे दैनिक जीवन में आत्मसात करना चाहिए। इस आयोजन में हिंदी के साथ-साथ समाज के अन्य समस्याओं पर भी विचार किए गए। वक्ताओं ने महिलाओं की स्थिति को दर्शाते हुए कहा कि वह अब अबला नहीं मानी जाती बल्कि सक्षम और समर्थ हो गई हैं। हिंदी भाषा का महत्व सिर्फ एक दिन ही सीमित ना रहे इस पर भी सभी रचनाकारों ने सहमति दर्शायी। प्रतिभागियों ने हिंदी को अपनाने की आवश्यकता पर चर्चा की और यह सुझाव दिया कि जब हम हिंदी में बात करेंगे, तो अन्य लोग भी हिंदी में जवाब देने के लिए प्रेरित होंगे, साथ ही हर दिन को हिन्दी दिवस के तौर पर मनाने की हमारी सोच होनी चाहिए। विशेष रूप से ऋषिकेश खोडके ने सुझाव दिया कि श्नवीन अवचेतन साहित्य सुमनश् संग्रह को विभिन्न शहरों की लाइब्रेरी में रखा जाए। नयना कक्कड़ ने बताया हिंदी को 14 सितंबर 1949 को भारत की राजभाषा का दर्जा दिया गया और पल्लवी रानी  ने बताया कि 1950 में भारतीय अकादमी भाषा का दर्जा भी मिला। इसलिए इस दिन को हिंदी दिवस के रूप में मनाते हैं। कार्यक्रम की विविधता की झलक इस बात से झलकती है कि साहित्यकारों ने शहीदों के शहादत को याद किया और नदियों के महत्व को अपनी रचना के माध्यम से बताया। कार्यक्रम के अंत में यह संकल्प लिया गया कि हिंदी भाषा का संरक्षण और विस्तार हम सभी का कर्तव्य है, और इसके प्रचार-प्रसार के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। अंत में, यह कामना की गई कि हिंदी का कोई एक दिन न हो, बल्कि हमारे हर दिन में हिंदी समाहित हो।
 

खबरें

स्वास्थ्य विभाग और तहसील प्रशासन की संयुक्त टीम ने अल्ट्रासाउंड केंद्रों की व्यवस्थाओं का लिया जाय -महाजन नर्सिंग होम में निरीक्षण के दौरान सभी चीजें दुरुस्त पाई गईं

गदरपुर (सू.वि.)। शासन के निर्देशों के क्रम में गदरपुर क्षेत्र के अंतर्गत संचालित विभिन्न पंजीकृत अल्ट्रासाउंड केंद्रों का तहसील प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य पीसीपीएनडीटी अधिनियम के तहत केंद्रों पर रखे जाने वाले दस्तावेजों और अन्य अनिवार्य व्यवस्थाओं की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करना था। इस औचक निरीक्षण अभियान में मुख्य रूप से तहसीलदार गदरपुर श्री देवेंद्र सिंह बिष्ट, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एस.पी. सिंह, जिला समन्वयक श्री प्रदीप मेहर और अधिशासी सहायक श्री गोपाल आर्य मौजूद रहे। टीम के सदस्यों ने प्रत्येक केंद्र पर जाकर तकनीकी कक्षों से लेकर रजिस्ट्रेशन काउंटर तक का बारीकी से अवलोकन किया। तराई एवं महाजन हॉस्पिटलरू टीम ने सबसे पहले तराई हॉस्पिटल और उसके उपरांत महाजन हॉस्पिटल का निरीक्षण किया। इन दोनों चिकित्सालयों में निरीक्षण के दौरान सभी चीजें दुरुस्त पाई गईं। टीम ने यहाँ के एएनसी रजिस्टर, लॉग बुक और फॉर्म-एफ के रख-रखाव को देखा, जो पूरी तरह मानकों के अनुरूप पाए गए। इसके पश्चात टीम द्वारा अल्फा हॉस्पिटल का रुख किया गया। यहाँ स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की संयुक्त जांच के दौरान कुछ प्रक्रियात्मक त्रुटियां सामने आईं। टीम ने पाया कि यहाँ के आधिकारिक रिकॉर्ड्स में कुछ स्थानों पर ओवर-राइटिंग और कटिंग की गई थी। इसके साथ ही, एएनसी रजिस्टर में मरीजों का पूरा पता दर्ज नहीं पाया गया था। निरीक्षण के दौरान पाई गई इन कमियों को गंभीरता से लेते हुए टीम के अधिकारियों ने अल्फा हॉस्पिटल प्रबंधन को व्यवस्थाओं में सुधार करने के निर्देश दिए। एसीएमओ डॉ. एस.पी. सिंह ने बताया कि रिकॉर्ड में मिली इन खामियों के स्पष्टीकरण हेतु केंद्र को विभाग की ओर से एक औपचारिक नोटिस जारी किया जाएगा, ताकि भविष्य में ऐसी त्रुटियों की पुनरावृत्ति न हो। तहसीलदार श्री देवेंद्र सिंह बिष्ट ने सभी केंद्र संचालकों को निर्देशित किया कि अल्ट्रासाउंड संबंधी सभी महत्वपूर्ण दस्तावेजों में पारदर्शिता बरतें और मरीजों की पूरी जानकारी अनिवार्य रूप से दर्ज करें। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि यह निरीक्षण स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर बनाने की एक नियमित प्रक्रिया है।
 

जिला जु-जित्सू एसोसिएशन के अध्यक्ष सहित अनेकों युवाओ ने भारत माता की जय के नारों के साथ स्वर्ण पदक विजेता जू-जित्सु खिलाड़ी क्षितिज सिंह को किया सम्मानित

विनोद वार्ता संवाद-सूत्र
रुद्रपुर।
जिला जु-जित्सू एसोसिएशन के अध्यक्ष भारत भूषण चुघ सहित अनेकों युवाओ ने भारत माता की जय के नारों के साथ स्वर्ण पदक विजेता जू-जित्सु खिलाड़ी क्षितिज सिंह को किया सम्मानित। दक्षिण एशियाई जू-जित्सु प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर लौटने पर जिला जु-जित्सू एसोसिएशन के अध्यक्ष भारत भूषण चुघ ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करने पर दी बधाई। साउथ एशियन जु-जित्सू फैडरेशन के तत्वावधान में 9-12 अप्रैल तक श्रीलंका के डिंगाना स्पोर्ट्स काम्प्लेक्स में आयोजित दक्षिण एशियाई जू-जित्सु चैंपियनशिप- 2026 में भारतीय जु-जित्सू टीम में शामिल होकर जनपद के होनहार खिलाडी क्षितिज सिंह ने शानदार प्रदर्शन कर भारत देश के लिए स्वर्ण पदक अर्जित कर प्रदेश व जनपद का मान बढ़ाया है। इस उपलब्धि पर जिला जु-जित्सू एसोसिएशन के अध्यक्ष भारत भूषण चुघ, महासचिव ऋषि पाल भारती, उद्योगपति महेश ठाकुर, एशियाई खिलाड़ी कृष्ण साना सहित अनेकों युवा लोगों द्वारा गर्मजोशी के साथ स्वर्ण पदक विजेता क्षितिज सिंह को माल्यार्पण कर मिठाई खिलाकर व ट्रैक सूट देकर, तमाम लोगों ने ष्भारत माता की जयष् के नारों के साथ उन्हें सम्मानित किया।जिला जु-जित्सू संघ के अध्यक्ष भारत भूषण ने कहा कि यह हमारे जनपद व शहर के लिए गर्व की बात है, क्षेत्र के खिलाड़ी क्षितिज सिंह ने दक्षिण एशियाई जू-जित्सु प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतकर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। साथ ही उक्त प्रतियोगिता में अपने आयुवर्ग में स्वर्ण पदक जीतकर पहले भारतीय जु-जित्सू खिलाड़ी बनने का गौरव प्राप्त किया। ओर आगे अध्यक्ष भारत भूषण ने क्षितिज सिंह के कोच ऋषि पाल भारती की भूरी भूरी प्रशंसा करते हुए उनको बधाई देते हुए कहा कि वर्ष 2018 से कोच ऋषि पाल भारती ने जिले में जु-जित्सू खेल की एक अलख जगाई है, जिसका परिणाम है कि जनपद के खिलाड़ी राष्ट्रीय, अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर मान बढ़ा रहे है। एवं उन्होंने क्षितिज को आगामी प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने हेतु उत्तराखंड सरकार से हर संभव आर्थिक मदद दिलवाने का भी आश्वासन दिया। जु-जित्सू एसोसिएशन ऑफ इंडिया के मीडिया पब्लिसिटी कमिशन के चेयरमैन व क्षितिज सिंह के मुख्य कोच ऋषि पाल भारती ने बताया कि भारतीय जु-जित्सू टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए हुए क्षितिज सिंह ने एडल्ट्स आयुवर्ग की (दृ85 किग्रा ) भारवर्ग की फाइटिंग स्पर्धा में अपने फाइनल मैच में श्रीलंका के खिलाड़ी को मात देते हुए स्वर्ण पदक जीता, एवं अपने दूसरे टीम इवेंट डूओ शो मिक्सड इवेंट्स में हल्द्वानी शहर की श्रीपर्णा जोशी के साथ शानदार प्रदर्शन कर रजत पदक जीते। क्षितिज सिंह पिछले 10 वर्षों से जू-जित्सु खेल का गहन प्रशिक्षण ले रहे है। पिछले वर्ष उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर दो स्वर्ण पदक, जॉर्डन में आयोजित नौवीं एशियाई जू-जित्सु प्रतियोगिता में भारत देश के लिए कांस्य पदक जीत चुके है। इस अवसर पर नगर महामंत्री अमित गौड़, पूरन पाण्डेय, पूर्व जिला प्रचारक सोमनाथ जायसवाल, सागर साहू, पूर्व जिला उपाध्यक्ष युवा मोर्चा रजत दीक्षित, मोनू ठाकुर, जूदृजित्सु एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष विनय कुमार जोशी, महासचिव अमित अरोरा, टीम कोच एम.आर. शाहिद, जवान सिंह, उपनिदेशक खेल श्रीमती रसिका सिद्दीकी, उत्तरांचल ओलंपिक संघ के महासचिव डी.के सिंह, जिला डीएसओ श्रीमती जानकी कार्की, चेतन धीर, हीराम तिग्गा, किशोर सिंह, हिमा भट्ट, गंगा मेहरा, कृष्ण साना, मुकेश यादव, सतविंदर सिंह, विजेंद्र चैधरी, शंकर सिंह बसेरा, सुखदेव सिंह, वसीम खान, अभिषेक राजपूत, नरेंद्र सिंह, विक्रम सिंह, कमल सक्सेना, गुलशन कुमार, शेखर सक्सेना,  मिनकू ठाकुर,  सहित अनेको अभिभावकों सहित विभिन्न खेल संघों के पदाधिकारियों एवं प्रशिक्षकों ने शुभकामनाएं देते हुए बधाई दी।
 

जिला आपदा प्रबंधन सभागार कक्ष में सड़क सुरक्षा अभियान एवं अग्नि सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया गया

रूद्रपुर। जिला आपदा प्रबंधन सभागार कक्ष में सड़क सुरक्षा अभियान एवं अग्नि सुरक्षा जागरूकता अभियान चलाया गया। इसी क्रम में  मुख्य अग्निशमन अधिकारी ईशान कटारिया के निर्देशन में फायर सर्विस रुद्रपुर की टीम द्वारा जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण कार्यालय  में अग्नि सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी  उमाशंकर नेगी सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी नवीन सिंह तथा मुख्य अग्निशमन अधिकारी  ईशान कटारिया  सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे। इस अवसर पर मुख्य अग्निशमन अधिकारी एवं एवं सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी (प्रर्वतन एवं प्रशासन)  ने परिवहन विभाग के चालकों एवं परिचालकों को अग्नि सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान कीं। उन्होंने आग लगने की स्थिति में सतर्कता, त्वरित प्रतिक्रिया एवं प्रभावी बचाव उपायों पर विस्तार से प्रकाश डाला। साथ ही फायर स्टेशन रुद्रपुर की टीम द्वारा प्रतिभागियों को प्राथमिक अग्निशमन उपकरणों के प्रयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया गया, जिससे वे आपातकालीन परिस्थितियों में प्रभावी ढंग से कार्य कर सकें। कार्यक्रम के दौरान जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी  उमाशंकर नेगी ने जिला आपदा प्रबंधन कंट्रोल रूम की कार्यप्रणाली की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि कंट्रोल रूम 24×7 संचालित रहता है। किसी भी आपदा की स्थिति में आमजन दूरभाष नंबर 05944-250250, 250500, 250719, टोल फ्री नंबर 1077 तथा मोबाइल नंबर 9412088410 पर संपर्क कर सकते हैं।उन्होंने यह भी बताया कि जनपद में आपदा से निपटने के लिए एनडीआरएफ की 15वीं बटालियन गदरपुर में तथा एसडीआरएफ की टीम रुद्रपुर में तैनात है, जो किसी भी आपात स्थिति में त्वरित राहत एवं बचाव कार्य के लिए सदैव तैयार रहती हैं।उन्होंने अवगत कराया गया कि जिला आपदा प्रबंधन विभाग 24×7 सक्रिय रहकर प्रशिक्षित मानव संसाधन, आधुनिक उपकरणों एवं विभिन्न विभागों के समन्वय के माध्यम से आपदाओं से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए प्रतिबद्ध है। विभाग द्वारा समय-समय पर जागरूकता कार्यक्रम, प्रशिक्षण एवं मॉक ड्रिल आयोजित कर आमजन को आपदा के प्रति सजग एवं आत्मनिर्भर बनाने के निरंतर प्रयास किए जाते हैं।मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने कहा ऐसे अभ्यास आपातकालीन परिस्थितियों में हमारी तैयारियों को सुदृढ़ करते हैं तथा जनमानस को सतर्क एवं जागरूक रहने की प्रेरणा देते हैं।
 

जिलाधिकारी ने मासिक स्टाफ बैठक लेते हुए उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों को नियमित कोर्ट लगाकर लम्बित वादों को त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिये

रूद्रपुर (सू.वि.)। जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने गुरूवार को जिला सभागार में मासिक स्टाफ बैठक लेते हुए उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों को नियमित कोर्ट लगाकर लम्बित वादों को त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिये। उन्होने कहा कि पुराने वादों को प्राथमिकता से निस्तारण किया जाये। जिलाधिकारी ने कहा कि बकायदारो से कड़ाई से राजस्व वसूली की जाय व 10 बड़े बकायेदारों की सूची तहसीलों में लगाने के निर्देश दिये। जिलाधिकारी ने कानून व्यवस्था की समीक्षा करते हुए कहा कि जनपद में कानून व्यवस्था और बेहतर बनाने के निर्देश दिये। उन्होने जनपद में गतिविधियों पर पैनी नजर रखने के निर्देश पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों को दिये। उन्होने न्यायालयों में अभियोजन पक्ष द्वारा पैरवी प्रभावी तरीके से रखने के निर्देश दिये ताकि पीड़ितों को समय से न्याय मिल सके। उन्होने कहा कि विवेचना में जो कमियां रही हो उसकी चैक लिस्ट बनाकर अन्य पाॅक्सो मामलो में विवेचना किया जाये। उन्होने कहा कि पुलिस व अभियोजन विभाग की कमी के कारण कोई अपराधी कोर्ट से दोसमुक्त न हो इसका ध्यान रखे। जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारियों को मजिट्रीयल जांच समय से पूर्ण कराने के निर्देश दिये। उन्होने अभियोजन व पुलिस आपस में समन्वय बनाते हुए कार्य करे व कही कोई कठिनायी आती है तो व्हाट्सप ग्रुप साझा कर त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिये। जिलाधिकारी ने राजस्व वसूली की समीक्षा करते हुए शतप्रतिशत राजस्व वसूली करने के निर्देश दिये। उन्होंने आबकारी अधिकारी को कच्ची शराब व अवैध मदिरा बिक्री पर पूर्ण प्रतिबन्ध लगाने हेतु नियमित छापेमारी करने के निर्देश भी दिये। उन्होने उप जिलाधिकारियों को निर्देश दिये कि यदि नदियों में कही रिवर ड्रेजिंग व चैनेलाईज कराने की आवश्यकता हो तो संयुक्त निरीक्षण कर स्थान चिन्हित करते हुए वर्षाकाल से पूर्ण रिवर ड्रेजिंग, चैनेलाईज कार्य करा लिया जाये ताकि बाढ़ की स्थिति उत्पन्न न हो। जिलाधिकारी ने सीएम हैल्पलाईन, सीएम जन समर्पण पोर्टल, आयोग के सन्दर्भो, रिट याचिका सन्दर्भो, आडित आपत्तियों, पेंशन प्रकरणों आदि की आख्या रिपोर्टिंग को समय सीमा के भीतर भेजने के निर्देश दिये। उन्होने सीएम हैल्प लाईन व जन समर्पण पोर्टल में प्राप्त शिकायतों को गम्भीरता से लेते हुये समय से निस्तारण करने व शिकायतकर्ता से स्वयं वार्ता भी करने के निर्देश भी दिये।  उन्होने एआरटीओ को ओवर लोड वाहनों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्यवाही करने के निर्देश दिये। जिलाधिकारी ने कहा कि आगामी 25 अप्रैल शनिवार से 24 मई तक जनगणना अभियान चलाया जायेगा। उन्होने कहा कि सभी तहसीलदार व अधिशासी अधिकारी जनगणना कार्य का परीक्षण नियमित करें व आकड़ों की शुद्धता पर विशेष ध्यान दे तथा प्रतिदिन पोर्टल पर अपलोड कराना भी सुनिश्चित करेगें। बैठक में अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय, कौस्तुभ मिश्र, उप जिलाधिकारी मनीष बिष्ट, ऋचा सिंह, तुषार सैनी, गौरव पाण्डेय, राहुल साह, सीओ प्रशान्त कुमार, संयुक्त निदेशक अभियोजन डीएस जंगपांगी, डीजीसी मनोज कुमार तिवारी, बरीत सिंह, एआरटीओ मोहित कोठारी, पूजा नयाल, जिला पूर्ति अधिकारी विनोद चन्द्र तिवारी, अभिहित अधिकारी एलएम पाण्डे सहित तहसीलदार व सम्बन्धित अधिकारी उपस्थित थे।

एस.एस. पब्लिक स्कूल के दो छात्रों ने राष्ट्रीय युवा खेल प्रतियोगिता में पदक प्राप्त कर नाम रोशन किया -हर्षित ने गोला फेंक में गोल्ड मैडल, दिशांत सामंत ने 800 मीटर दौड़ में सिल्वर मैडल प्राप्त किया

विनोद वार्ता संवाद-सूत्र
गदरपुर।
भारतीय युवा खेल शिक्षा महासंघ द्वारा दिनांक 15-04-2026 से दिनांक 18-04-2026 तक मध्यप्रदेश के उज्जैन महानगर में, राष्ट्रीय युवा खेल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता मे एस०एस०पब्लिक स्कूल के दो छात्र क्रमशः- (1) हर्षित सिंह (गोला फेंक), (2) दिशांत सामंत (लम्बी दौड़), क्रीडाधिकारी कु० हनी के नेतृत्व में प्रतिभाग किया।  जिसमें हर्षित सिंह ने राष्ट्रीय प्रतियोगिता में (गोला फेंक) में गोल्ड मैडल प्राप्त करके कीर्तिमान स्थापित किया और दिशांत सामंत ने 800 मीटर में दूसरा स्थान प्राप्त करके सिल्वर मैडल प्रात किया। उक्त दोनों ने विद्यालय के साथ-साथ माता-पिता एवं अपनी क्रीडाधिकारी कु० हनी का नाम भी राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया।इस अवसर पर विद्यालय के अध्यक्ष श्री डी0 पी0 सिंह ने क्रीडाधिकारी कु० हनी  एवं दोनों खिलाडियों को आशीर्वाद दिया और भविष्य में अंतर्राष्ट्रीय खेलो में प्रतिभाग करने के लिए प्रेरित किया। विद्यालय के प्रधानाचार्य श्री परविंदर सिंह ने इस अवसर पर क्रीडाधिकारी कु० हनी, दोनों खिलाडियों के साथ पूरे विद्यालय परिवार को बधाई दी तथा जीवन में खेलों के महत्त्व को भी समझाया। प्रधानाचार्य ने प्रत्येक विद्यार्थी को खेलों में प्रतिभाग करने के लिए प्रेरित किया।
 

तीन दिवसीय जनगणना 2027 प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन

विनोद वार्ता संवाद-सूत्र
गदरपुर।
नगरपालिका परिषद गदरपुर द्वारा आईटीआई गदरपुर में आयोजित तीन दिवसीय जनगणना 2027 प्रशिक्षण कार्यक्रम का पालिकाध्यक्ष मनोज गुम्बर की उपस्थिति में सफलतापूर्वक समापन किया गया। प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले सभी कर्मचारियों को आगामी जनगणना 2027 के सफल क्रियान्वयन हेतु बहुत-बहुत बधाई एवं हार्दिक शुभकामनाएँ।
 

पांच दिवसीय स्व0 श्री धीरज सिंह रघुवंशी मेमोरियल ओपन शतरंज प्रतियोगिता का जिलाधिकारी ने किया शुभारम्भ

रूद्रपुर (सू.वि.)। ऑल इण्डिया शतरंज फैडरेशन व उत्तराखण्ड शतरंज फैडरेशन के तत्वाधान में देवभूमि शतरंज एसोसिएशन द्वारा भारतीयम इंटरनेशनल स्कूल लालपुर, रूद्रपुर में पांच दिवसीय स्व0 श्री धीरज सिंह रघुवंशी मेमोरियल ओपन शतरंज प्रतियोगिता का जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया व अध्यक्ष फैन्सिंग फैडरेशन एशिया राजीव मेहता, अध्यक्ष शतरंज फैडरेशन इण्डिया भरत सिंह चैहान ने दीप प्रज्जलित कर शुभारम्भ किया। इस ऑल इण्डिया ओपन शतरंज प्रतियोगिता मंे देश 260 खिलाड़ी प्रतिभाग कर रहे है। प्रतिभागियों को बतौर मुख्य अतिथि सम्बोधित करते हुए जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने कहा कि शतरंज एक ऐसा खेल है जिसे कोई भी, कभी भी, कही भी खेल सकते है। शतरंज खेल की सभी जानकारियां इंटरनेट पर मौजूद है, जिससे बच्चे आसानी से सीख सकते है। उन्होने कहा शतरंज खेल दिमाग को तेज बनाता है व इस खेल को खेलने वालों को बुढ़ापे में मनोअवसाद भी नही होता है। उन्होने इस शतरंज प्रतियोगिता को रूद्रपुर में कराने के लिए ऑल इण्डिया शतरंज फैडरेशन व उत्तराखण्ड शतरंज फैडरेशन को बधाई दी। उन्होने खिलाड़ियों से कहा कि खेलो को लक्ष्य बनाकर खेले व नियमित अभ्यास करें ताकि ऑल इण्डिया में अच्छी रंेक हासिल करते हुए ओलम्पिक में भी प्रतिभाग कर सकें। कार्यक्रम में देवभूमि एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय चड्डा, महासचिव मनोज खेड़ा, महासचिव ओलम्पिक एसोसिएशन डॉ0 डीके सिंह, संजवी चैधरी, सीमा सिंह, प्रधानाचार्य भातीय इंटरनेशनल स्कूल रश्मि आनंद सहित शतरंज फैडरेशन के अनेक पदाधिकारी व खिलाड़ी मौजूद थे।